शिशु

1 साल के बच्चे के लिए 15 स्वादिष्ट भारतीय व्यंजन विधियाँ

भोजन एक अनुभव है, इसलिए आपने अक्सर आपके बच्चे में खाने की और उनकी बढ़ती जिज्ञासा का अनुभव किया होगा। आपने ध्यान दिया होगा कि वह साधारण प्यूरी खाने के बजाय स्वादिष्ट भोजन खाना ज्यादा पसंद करते हैं। लेकिन चिंता इस बात की है कि भारतीय व्यंजन को उनके पाचन तंत्र के अनुकूल कैसे संशोधित किया जाए। इसलिए यह आवश्यक है कि बच्चे के अनुसार भारतीय भोजन को सरल तरीके से पेश किया जाए।

12 महीने के बच्चे के लिए भारतीय व्यंजन विधियाँ

यहाँ कुछ चुनिंदा व्यंजन विधियाँ दी गई हैं, जिसे आपके एक वर्षीय शिशु के सुपाच्य के अनुरूप बनाया गया है। ये मुख्य भोजन के विभिन्न अंशों से चुने गए है ताकि उन्हें न केवल पौष्टिक पोषण मिले, बल्कि वह किसी भी शिशु आहार सारणी में ठीक बैठ जाए। 1 साल के भारतीय बच्चे के लिए नाश्ते की कुछ सरल व बेहतरीन व्यंजन विधियाँ दी गयी है, ताकि शिशुओं को भारतीय व्यंजनों से अवगत कराया जाए।

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याद रखें:

  • दूध डेयरी का, माँ का या डिब्बे का भी हो सकता है। माँ के दूध को गर्म करने से बचें।
  • संभव हो तो सामग्री घर पर ही बनाएं। डिब्बाबंद उत्पादों को खरीदने से बचें।
  • अगर आपका बच्चा अभी 12 महीने का नहीं हुआ है, तो खाने में मिठास बढ़ाने के लिए शहद का उपयोग न करें।

१. दलिया

दलिया कई लोगों का पसंदीदा व्यंजन है। इसकी तरल नरम बनावट के कारण इसे खाना आसान बन जाता है।

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) रागी दलिया

इसमें बड़ी मात्रा में रेशा (फाइबर) पाया जाता है और यह हड्डियों के घनत्व को बढ़ाने में तथा मांसपेशियों के निर्माण में मदद करती है ।

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सामग्री

  • रागी के दाने: 3-4 बड़े चम्मच• पानी
  • दूध के साथ गुड़ या
  • दही के साथ नमक

विधि

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  • रागी के दाने धोकर धूप में सुखाएं और उन्हें रात भर भिगोए।
  • सफेद लसलसा पेस्ट बनाने के लिए इन्हें थोड़ा पानी मिलाकर पीस लें।
  • पर्याप्त पानी डालकर इसे उबाल लें।
  • जब यह गाढ़ा हो जाए तो आंच बंद कर दें, इसे मीठा बनाने के लिए इसमें थोड़ा दूध और गुड़ डालें।
  • या फिर इसके बदले में, यह ठंडा होने के बाद, इसमें दही और नमक डालें।

) रवा दलिया

यदि आपको अन्य दलिया पदार्थों से कुछ हटकर बनाना हैं तो रवा दलिया एक अच्छा विकल्प है, यह स्वाद में मीठा होता है और आसानी से पचने योग्य है।

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सामग्री

  • रवा: 2 बड़े चम्मच।
  • पानी: ½ कप
  • घी: 1 या 2 छोटे चम्मच
  • गुड़: स्वादानुसार
  • दूध

विधि

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  • धीमी आंच पर घी में रवा डालकर भूनें, इसे भूरा न होने दें सिर्फ सोंधा महक आने पर आंच बंद कर दें। फिर एक तरफ रख दें।
  • पानी उबालें और उसमें भुना हुआ रवा धीरेधीरे डालें। जब मिश्रण अधिकांश पानी सोख ले और गाढ़ा हो जाए, तब आंच बंद कर दें।
  • 10 मिनट के बाद पूरी तरह से गाढ़े हो गए इस उपमा में, गुड़ और दूध डालें। इसे तब तक डालते रहे जब तक यह दलिया जैसा गाढ़ा न हो जाए।

२. चावल

चावल किसी भी सामग्री के स्वाद को आसानी से अपना लेता हैं; यह आसानी से पचता है।

) केले का चिपचिपा चावल

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इसे निगलना बहुत आसान होता है, इसे खाने के लिए आपका शिशु इस पर टूट पड़ेगा।

सामग्री

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  • चावल: 1 कप
  • नारियल का दूध (पतला): दो कप
  • गुड़: 1 बड़ा चम्मच।
  • केला: 2 छोटा केला।
  • नारियल का गाढ़ा दूध: 2 बड़े चम्मच।

विधि

  • नारियल के पतले दूध में रात भर चावल भिगों कर रखें।
  • ज्यादा पानी डालकर इसे कुकर में पकाएं और ज्यादा सिटी होने दें।
  • नारियल के गाढ़े दूध को गुड़ के साथ गर्म करें और इसमें चावल डालें।
  • परोसने के बर्तन में केले मसले और इसमें मीठे चावल डालें।

) कारा पोंगल

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इस भोजन से अलगअलग जायकों से परिचय कराना शुरू किया जा सकता हैं।

सामग्री

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  • चावल: 1 कप
  • मूंग की दाल: ½ कप
  • जीरा: 1 छोटा चम्मच
  • घी: 1 छोटा चम्मच
  • कुछ कड़ी पत्तियां
  • अदरक: एक छोटा टुकड़ा
  • काली मिर्च: स्वादानुसार (वैकल्पिक)
  • नमक

विधि

  • चावल और मूंग दाल के मिश्रण को धोकर आधे घंटे के लिए भिगोएँ।
  • कुकर में घी गरम करें और जीरा तड़कने दें।
  • अदरक और कड़ी पत्तों को एक मिनट के लिए हल्का तले।
  • फिर इसमें चावल और दाल का मिश्रण डालें और 5 कप पानी भी डाल दें।
  • काली मिर्च और नमक डालें।

परोसने के पहले कड़ी पत्तियां निकाल लें फिर मसल के बच्चे को परोसें।

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३. सूप

यह बीमारी के दौरान सेवन किया जाने वाला एक आरोग्यदायी भोजन है।

) टमाटर और गाजर का सूप

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यह विटामिनों से भरा एक तीखाखट्टा पकवान हैं

सामग्री

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  • गाजर: 1
  • टमाटर: 1
  • प्याज: 2 बड़े चम्मच, बारीक कटा हुआ
  • लहसुन: 1 छोटी कली, बारीक कटी हुई
  • मक्खन: 1 छोटा चम्मच
  • जीरा: ¼ छोटा चम्मच
  • काली मिर्च पाउडर: एक चुटकी
  • पानी: 1.5 कप
  • नमक

विधि

  • सब्जियों को अच्छी तरह से साफ करें और उन्हें छोटेछोटे चौकोर टुकड़ों में काट लें।
  • प्रेशर कुकर में बटर गरम करें और जीरा डालें।
  • प्याज और लहसुन को थोड़ा पारदर्शी होने तक हल्का तल लें।
  • पर्याप्त पानी डालें, साथ ही साथ गाजर और टमाटर डालें। नमक और काली मिर्च भी डालें।
  • इसे उबाल लें।
  • मध्यम आंच पर इसे 3 सीटी होने तक पकाएं।
  • इसे पीसें और छान लें।
  • यदि आप इसे छानना नहीं चाहते हैं, तो टमाटर को पहले हल्का उबालकर उसका बाहरी छिलका निकालना न भूलें।
  • इसे हल्का गर्म परोसें।

) चिकन सूप

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बच्चे जब सर्दीजुकाम से परेशान हो तब उन्हें यह व्यंजन बड़ा स्वादिष्ट लगेगा। 

  • चिकन: 1 टुकड़ा, बारीक कटा
  • प्याज: 1 छोटा, बारीक कटा हुआ
  • सब्जियां (गाजर, आलू): 2 बड़े चम्मच, छोटे टुकड़ों में कटे हुए
  • चिकन का शोरबा/पानी: 1 कप
  • बटर: 2 छोटे चम्मच
  • नमक

विधि

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  • प्रेशर कुकर में बटर डालें और इसमें प्याज को थोड़ा पारदर्शी होने तक भूनें।
  • अब सब्जियाँ, चिकन और पानी डालें।
  • प्रेशर कुकर की 2 सीटियाँ होने दें।
  • मिश्रण ठंडा होने के बाद उसे पिस लें और हल्का गर्म परोसें।

४. सालन / करी

यह स्वाद से परिपूर्ण होते हैं । इन्हें रोटी या चावल के साथ परोसें।

) मछली का सालन (फिश करी)

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यह बच्चों को मछली और मसालों से परिचित कराने के बेहतर तरीकों में से एक है।

सामग्री

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  • नारियल तेल: 1 बड़ा चम्मच
  • प्याज: 1 बड़ा, बारीक कटा हुआ
  • लहसुन की कली: 1, बारीक कटी हुई
  • अदरक: 1 छोटा चम्मच बारीक कटा हुआ
  • टमाटर: 2 बारीक कटे हुए
  • सफेद मांस वाली मछली (कंटीली मछलियों का इस्तेमाल न करें) खाल निकाली हुई: 125 ग्राम
  • दही: 30 मि.ली
  • गरम मसाला: 1 छोटा चम्मच
  • मिर्च पाउडर या काली मिर्च पाउडर स्वादानुसार (मिर्च पाउडर डालते समय ध्यान दें, इसे बहुत तीखा न बनाएं)
  • पानी: 200 मि.ली.

विधि

  • तलने की कड़ाही में तेल डालकर प्याज, लहसुन और अदरक को थोड़ा पारदर्शी होने तक हल्का तलें।
  • काली मिर्च या लाल मिर्च पाउडर मिलाएं।
  • पानी और टमाटर डालकर उबाल लें।
  • इसे कुछ मिनट के लिए उबलने दें।
  • अब इसमें मछली डालें, फिर उसे ढ़ककर 2 मिनट के लिए पकाएं। दही और धनिया डालकर एक दो मिनट तक पकाएं।
  • चावल पकाएं और मछली के सालन के साथ परोसे।
  • स्वादानुसार गरम मसाला डालें।
  • इसे टमाटर, प्याज और धनिया के सलाद के साथ भी परोस सकते हैं।

) दाल का सालन (दाल करी)

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दाल कार्बोहाइड्रेट और प्रोटीन का एक अच्छा मिश्रण है।

सामग्री

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  • मूंग दाल: ½ कप
  • तुवर दाल ½ कप
  • हल्दी: 1 छोटा चम्मच
  • घी: 2 छोटा चम्मच
  • जीरा: 1 छोटा चम्मच
  • पानी (3 कप)

विधि

  • दाल को धोएं, इसमें हल्दी और नमक मिलाएं।
  • अब इसमें 3 कप पानी डालें और फिर प्रेशर कुकर में पकाएं।
  • घी में जीरा तड़काएं और उसे दाल में मिलाएं।

५. अंडे के व्यंजन

शिशु को जटिल भोजन से परिचय कराने हेतु एक अंडा अच्छा खाद्य पदार्थ है।

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) अंडा भुर्जी

यह एक अच्छा नाश्ता है। इसे दही चावल के साथ भी दिया जा सकता है।

सामग्री

  • अंडे: 1
  • काली मिर्च पाउडर: एक चुटकी
  • दूध: 3 बड़े चम्मच, उबला हुआ
  • पनीर: 1 चम्मच कद्दूकस किया हुआ
  • मक्खन: ½ चम्मच
  • नमक

विधि

  • दूध के साथ अंडा फेंट लें।
  • थोड़ा मक्खन पिघलाकर उसमें फेंटे अंडे डालिए। तलने तक अंडे को लगातार हिलाते रहें।
  • पनीर, काली मिर्च और नमक मिलाएं ।
  • इसे एक जैसा हिलाइए और बाद में आंच बंद कर दें।
  • ) ब्रेड आमलेट

इस व्यंजन में अंडे की कोमलता रोटी के सूखेपन को कम कर देती हैं।

सामग्री

  • अंडे: 1 फेंटा हुआ
  • काली मिर्च पाउडर: एक चुटकी (वैकल्पिक)
  • ब्रेड: 2 स्लाइस
  • मक्खन: 1छोटा चम्मच

विधि

  • ब्रेड के सिरों को काटें।
  • अंडे फेंट लें और उसके ऊपर काली मिर्च और नमक छिड़के।
  • एक तवे में बटर गर्म करें।
  • अब फेंटे हुए अंडों में ब्रेड को दोनों तरफ अच्छे से डुबोएं और इसे घी वाले गर्म तवे पर डाल दें।
  • इसे सुनहरा होने तक पकाएं और बाद में पलटे।
  • दूसरे स्लाइस के साथ भी यह विधि दोहराएं।

६. तुरंत बनाया जाने वाला डोसा

दक्षिण भारत में डोसा प्रधान नाश्ता होता है।

) रवा डोसा

यह डोसा का एक ऐसा प्रकार है जिसे किसी किण्वन की आवश्यकता नहीं है, जैसेजैसे बच्चे को इसकी आदत होती जाती है, वैसेवैसे आप उसमें सब्जियां डालते जाएं।

सामग्री

  • सूजी/रवा: ½ कप
  • दही: ½ कप
  • चावल का आटा: ½ कप
  • पानी: 3-4 कप
  • जीरा: 1 छोटा चम्मच
  • नमक
  • घी

विधि

  • रवा, चावल का आटा, नमक और जीरा इकठ्ठा मिला लें।
  • सावधानीपूर्वक दही डालें और थोड़ाथोड़ा पानी डालते जाएं। इसे ढेलेदार न बनाएं।
  • इसका गाढ़ापन गाढ़े छाछ की तरह होना चाहिए। बहुत गाढ़ा नहीं लेकिन बहुत पतला भी नहीं।
  • तवे को अच्छी तरह गर्म करें और डोसा का घोल बाहर से अंदर की तरफ फैलाएं।
  • डोसा में छेद होंगे, ढक्कन बंद करने से पहले एक चम्मच घी डालें।
  • कुरकुरा होने पर निकालें।

) गेहूँ के आटे से बना डोसा

शिशु का गेहूँ से परिचय कराने का एक बेहतर, आसान तरीका।

सामग्री

  • गेहूँ का आटा: 2 कप
  • चावल का आटा: 1/4 कप
  • प्याज: 1, बारीक कटा हुआ
  • अदरक: 1 बड़ा चम्मच, बारीक कटा हुआ
  • जीरा: 1/2 चम्मच
  • पानी: 4 कप
  • नमक
  • घी

विधि

  • गेहूँ का आटा, चावल का आटा, जीरा, कटा हुआ प्याज, अदरक और नमक को साथ में मिलाएँ।
  • उसमें थोड़ा पानी डालें और अच्छी तरह मिलाएं। यह घोल रवा डोसा के घोल जैसा होना चाहिए।
  • एक नॉनस्टिक तवे को गर्म करें और घोल को बाहर की तरफ से अंदर की ओर डालें।
  • पलटने से पहले भूरा होने तक पकाएं।

७. मिष्ठान

मिष्ठान शर्करा से भरपूर होते हैं। ये शिशु को ऊर्जा देते हैं और उसकी मनोदशा में सुधार करते हैं।

) मीठा पोंगल

यह दक्षिण भारतीय पकवान उनके हर त्योहार में बनाया जाता है।

सामग्री

  • चावल: ½ कप
  • मूंग दाल: 1 से बड़ा चम्मच
  • गुड़: ½ कप
  • नमक: एक चुटकी
  • पानी: 2.5 कप
  • इलायची पाउडर: ¼ छोटा चम्मच
  • घी – 4 छोटा चम्मच
  • दूध

विधि

  • ½ कप पानी में गुड़ को पिघलाएं और उसे पानी में पूरी तरह से घुला दें। इस द्रव को छान लें और एक तरफ रखें।
  • कुकर में घी गरम करें और मूंग दाल को 3 मिनट तक भूनें। चावल धोकर इसमें मिलाएं और पानी डालें।
  • अब इन्हें कुकर में 4 सीटी होने तक पकाएं।
  • कुकर में भाप का दबाव थोड़ा कम हो जाने पर कुकर का ढक्कन निकाल लें। कुकर के मिश्रण में गुड़ का पानी डालें। साथ में घी, नमक तथा इलायची पाउडर डालें। गाढ़ा होने पर आधा कप दूध डालें।
  • इसे लगातार हिलाते हुए कुछ मिनट तक पकाएं।

) नरयाल या इलानीर पायसम

यह एक ऐसी अनोखी मिठाई है जिसका सेवन गर्मियों में करना अच्छा होता है।

सामग्री

  • हरे नारियल का पानी: 1 कप
  • हरे नारियल का गूदा: 1 कप
  • दूध: 2 कप
  • गुड़: ¼ कप
  • इलायची पाउडर: 1/2 चम्मच

विधि

  • हरे नारियल का गूदा फेंटे, इसमें हरे नारियल का पानी मिलाएं और इसे फ्रिज में रखें।
  • दूध और गुड़ को गाढ़ा होने तक उबालें, इसमें इलायची पाउडर मिलाएं।
  • हरे नारियल के गूदे में दूध डालें और इसे ठंडा होने दें।

) अरारोट का हलवा

कब्ज को दूर रखने का एक मीठा तरीका!

सामग्री

  • रारोट पाउडर: ½ कप
  • गुड़: 2 मध्यम आकार के टुकड़े
  • इलायची पाउडर: ¼ छोटा चम्मच

विधि

  • अरारोट पाउडर को दस मिनट तक पानी में भिगोएं। अब गंदगी के साथ पानी निकालकर फेंक दें।
  • थोड़ा और पानी डालकर पतला पेस्ट बनाएं।
  • नारियल का दूध, इलायची पाउडर, गुड़ को एकसाथ पीस लें।
  • इसे एक बर्तन में उबालें। इसे लगातार चलाते हुए थोड़ीथोड़ी मात्रा में अरारोट का पेस्ट डालें।
  • कस्टर्ड जैसा गाढ़ापन आने तक उसे चलाते रहें।
  • एक गहरी थाली में घी या मक्खन लगाएं और यह मिश्रण डालें।
  • उसे ठंडा होने दें।

आप अपने (या बच्चे के) स्वादानुसार सामग्री को हमेशा बढ़ा या घटा सकती हैं। भारतीय शाकाहारी या मांसाहारी व्यंजनों की विधि में, 1 साल के बच्चे के लिए आसानी से अपने अनुसार बदलाव किए जा सकते हैं।

ध्यान रखें कि तनाव में खाना न पकाएं। प्यार, खुशी और सकारात्मकता के साथ पकाएं। इन भावनाओं को बच्चे उन्हें परोसे गए खाने से जान लेते हैं, जैसे वे आपके प्यार को आपकी बाहों में पहचानते हैं।

जया कुमारी

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