टॉडलर (1-3 वर्ष)

17 महीने के बच्चे की वृद्धि और विकास

आपके छोटे से बच्चे का 17वां महीना वह समय होता है जब वह अपने जीवन में विभिन्न नई चीजों को करने का प्रयास करता है। आप उसके शारीरिक मानसिक, सामाजिक विकास के साथ-साथ व्यवहार में भी अधिक बदलाव देख सकती हैं। बच्चे की वृद्धि पर नजर रखना अनिवार्य है और इस कार्य के लिए यह लेख आपकी पूरी मदद कर सकता है।

17 महीने के बच्चे का विकास

ऐसी बहुत सी चीजें हैं, जो आपका बच्चा इस स्तर पर करना शुरू कर देगा। आप बच्चे में सभी स्किल की वृद्धि को देखकर खुश होंगी। कभी-कभी आप आश्चर्यचकित होंगी कि वह अपने आप किसी भी कार्य को कैसे कर रहा है। कई बार आप उदास भी होंगी क्योंकि वह वास्तव में आपकी बात नहीं सुन रहा है और आपके निर्देशों का पालन नहीं कर रहा है। बच्चे से अपने अनुसार किसी भी कार्य को करने की जबरदस्ती न करें बल्कि उसे कुछ निर्णय लेने की अनुमति दें।आप उसके निर्णयों में तभी दखल दें जब देखें कि वह सुरक्षित नहीं है।

शारीरिक विकास

इस आयु में बच्चे के शारीरिक प्रगति में अचानक वृद्धि होती है। बच्चे के विकास में कुछ निम्नलिखित चीजें हैं जिन पर आपका ध्यान जा सकता है;

  • वह वास्तव में खुद से चलने में सक्षम है और स्वतंत्र रूप से चलने का प्रयास करता है।
  • कभी-कभी बच्चा चुपके से बिस्तर से नीचे उतरने का प्रयास करेगा।
  • बच्चा चीजों पर चढ़ने का प्रयास भी कर सकता है और यह आपका फर्नीचर, आपका बिस्तर या कुछ भी हो सकता है।
  • बच्चा चीजों को पकड़ने और खाने के लिए अपने हाथों का उपयोग कैसे करता है। साथ ही आपका ध्यान इस पर भी जा सकता है कि बच्चा किस हाथ का ज्यादा उपयोग करता है।

उसे इन चीजों का अभ्यास करने की अनुमति देना महत्वपूर्ण है लेकिन साथ ही जोखिमों का ध्यान रखें। सुरक्षा के लिए उन स्थानों को चिह्नित करें जो बच्चे के लिए असुरक्षित हैं और बच्चे को उस स्थान के बारे में भी बताएं। हालांकि आपका बच्चा आपके निर्देशों का पालन नहीं भी कर सकता है, लेकिन समय के साथ वह खतरे के क्षेत्र की पहचान करने में सक्षम हो जाएगा।

सामाजिक और भावनात्मक विकास

  • इस चरण में आपका बच्चा संबंधों की खोज करेगा और परिचित चेहरों को भी पहचानना शुरू कर देगा।
  • बच्चा चिड़चिड़ाने या नाराज होने पर मारने और काटने का प्रयास भी कर सकता है। उसका क्रोध, खुशी, दुःख सब कुछ स्पष्ट होगा और उसने यह बताने की कला भी सीख ली है कि उसको कैसा महसूस हो रहा है।
  • एक और सामाजिक व्यवहार जो आप अपने बच्चे में देख सकती हैं, वह यह है कि इस आयु में बच्चा अन्य लोगों को आसानी से पहचानने में सक्षम होगा। वह आपके पड़ोसी, आपके दोस्तों और उन लोगों को जानने लगेगा, जिनसे आप अक्सर मिलती हैं। कभी-कभी वह असामाजिक लग सकता है, लेकिन उसे अपना समय लेने और बातचीत करने की अनुमति दें। बच्चों को बात करने और सामाजिक होने के लिए मजबूर न करें। वे दोस्त बनाने और अपने समय और गति में बातचीत करने के लिए अपना रास्ता खोजेंगे।
  • आप यह भी देखेंगी कि बच्चा आपके बारे में कितना अधिकारात्मक है। यह अलगाव की चिंता के कारण भी हो सकता है और यह आदत कई बच्चों में देखी गई है। उन्हें लगता है कि वे जल्द ही अपने माता-पिता से अलग हो जाएंगे। इससे बचने के लिए आप बच्चे को प्रोत्साहित कर सकती हैं और साथ ही उसकी सहायता करें व उसके लिए दया का भाव भी रखें। बच्चे को यह विश्वास दिलाएं कि वह जब भी ऐसा महसूस करता है, तब आप उसके साथ हैं और हमेशा उसके पास ही रहेंगी।

यद्यपि आप अपने 16 महीने के बच्चे के महत्वपूर्ण विकास होते देखकर प्रसन्न हैं किंतु फिर भी कई बार आप इस बात से निराश हो सकती हैं कि वह आपके नियंत्रण से बाहर जा रहा है। यह आपके लिए थोड़ा मुश्किल हो सकता है कि वह आपकी बात सुने, बच्चों के ऐसे व्यवहार का अनुभव ज्यादातर माता-पिता करते हैं। अपने बच्चे की इस आदत को खत्म करने के लिए आप जो कर सकती हैं करें किंतु ऐसी स्थिति में आपको अपने गुस्से में नियंत्रण रखना व धैर्य रखना आवश्यक है। आपका क्रोध या आपका चिल्लाना बच्चे को जिद्दी बना सकता है।

संज्ञानात्मक और भाषा विकास

  • इस आयु में बच्चे अपनी भाषा की खोज करते हैं और नए-नए शब्दों का उच्चारण करना शुरू कर दिए हैं। हालांकि बच्चों के द्वारा कहे हुए कुछ शब्द टूटी-फूटी भाषा में भी हो सकते हैं।
  • हो सकता है कि आपको उसके शब्द समझने में थोड़ी देर लगे कि वह क्या और कैसे कह रहा है। इस दौरान अक्सर बच्चे नए शब्दों का उच्चारण करना सीखते हैं।
  • छोटी-छोटी चीजों से वह काफी मोहित हो सकता है, जैसे अगर आप सब्जी काट रही हैं या यदि आप उसके लिए पानी ले रही हैं, तो वह एक उत्सुक पर्यवेक्षक हो सकता है।

व्यवहार

बच्चे इस उम्र में छोटे-छोटे निर्णय लेना शुरू कर देते हैं, ऐसा करने के लिए उन्हें अनुमति देना महत्वपूर्ण है। अगर बच्चे को इसमें कोई समस्या होती है तो उनकी मदद भी करें। जैसे-जैसे बच्चा बड़ा होगा, वह आपके आदेशों को अनदेखा करना शुरू कर सकता है और खुद निर्णय लेना शुरू कर देगा, यह एक सामान्य बात है और सही भी है। अब आप अपने बच्चे को सोचने की, निर्णय लेने की और खुद के रास्ते खोजने की स्वतंत्रता दे सकती हैं। हालांकि बच्चे के लिए असुरक्षित चीजों पर नजर अवश्य रखें और आवश्यकता पड़ने पर उसे विनम्रतापूर्वक सिखाएं।

खयाल रहे, इस चरण में बच्चा नई-नई चीजों को खोजता व उपयोग करता है इसलिए उसे खतरनाक व अस्वास्थ्यकर चीजों से दूर रखें, जैसे गर्म चाय का कप, जहरीली चीजें, नुकीली चीजें और इत्यादि जो घर में होती हैं।

आहार और पोषण

17 महीने के बच्चे के लिए भोजन के बारे में सोचना आपके लिए निश्चित ही कठिन होगा और इसमें आपको अधिक सावधान रहने की भी आवश्यकता है। इस उम्र में बच्चे की वृद्धि व विकास दोनों हो होते हैं और बढ़ती आयु में उसकी ऊर्जा के लिए वास्तव में पर्याप्त पोषक तत्वों की आवश्यकता होती है।

बच्चे को भोजन करवाते समय आपको अधिक संघर्ष करना पड़ सकता है। आपका ध्यान इस बात पर भी जा सकता है कि जब वह छोटा था तब अधिक भोजन करता था परन्तु अचानक चीजों में बदलाव आ गया है। अब आपको बच्चे को खाना खिलाने के लिए पूरे घर में दौड़ना पड़ सकता है।

ऐसी स्थिति में आप बच्चे को थोड़ा-थोड़ा भोजन खिलाएं। 17 महीने के बच्चे के लिए भोजन के कुछ बेहतरीन विकल्प हैं फल, दूध, पनीर, सब्जियां, दही, दलिया, मांस इत्यादि।

अब आपको बहुत से भोजन के विकल्पों को प्रतिबंधित करने की आवश्यकता नहीं होगी क्योंकि आपका बच्चा खाना सीख चुका है और उसका शरीर विभिन्न खाद्य पदार्थों को पचाने में सक्षम है। हालांकि 17 महीने की आयु में उसकी शारीरिक ऊर्जा के लिए आप सुनिश्चित करें कि आप बच्चे को सिर्फ स्वस्थ भोजन ही खिलाती हैं।

नींद

इस आयु में भी बच्चे को उतना ही सोने की आवश्यकता है जितना वह पहले सोया करता था, इससे तात्पर्य यह है कि बच्चे को लगभग 14 घंटे की नींद लेनी चाहिए। बच्चे के छोटे से छोटे विकास में उसकी नींद बहुत महत्वपूर्ण है इसलिए सुनिश्चित करें कि आपका बच्चा अच्छी नींद ले।

17 महीने के बच्चे को सुलाने में अधिक कठिनाई होती है। इस दौरान आपको आश्चर्य भी हो सकता है कि बच्चा अभी तक शांति से सो रहा था लेकिन अचानक वह नींद में बात कर रहा है।

यह अनुभव अनेक माता-पिता को होता है और इसे 17 महीने के बच्चे का स्लीप रिग्रेशन कहा जाता है। बच्चा कभी-कभी रात में जाग सकता है, रो सकता है और कभी-कभी उसे सुलाना भी एक बड़ा कार्य लग सकता है। आपके लिए उसकी नींद के पैटर्न को नियंत्रित करना वास्तव में मुश्किल हो सकता है। बच्चे की इस स्थिति को स्लीप रिग्रेशन कहते हैं जो ज्यादातर 17 से 18 महीने की आयु में होता है।

बच्चों में ऐसी स्थिति के कुछ कारण हो सकते हैं, कुछ कारण निम्नलिखित हैं;

  • 17 महीने का बच्चा अपने जीवन में महत्वपूर्ण निर्णय लेने लगा है। इसका तात्पर्य यह है कि वह नींद न आने की स्थिति में भी अपनी स्वतंत्रता का उपयोग करता है।
  • अलग होने की चिंता छोटे बच्चों के लिए एक वास्तविक समस्या है जो इस उम्र के आसपास होती है। बच्चे के जागते रहने का यह भी एक कारण हो सकता है ताकि उसे आपसे दूर न रहना पड़े। बच्चे में इस समस्या को खत्म करने के लिए आप उसे प्यार दें और विश्वास दिलाएं कि आप हमेशा उसके पास हैं।

खेल और गतिविधियां

17 महीने के बच्चे में आप अनेक बदलावों के साथ देखेंगी कि वह खेल की गतिविधियों में कितनी गंभीरता से व्यस्त रहता है। वास्तव में यह गतिविधियां आपके बच्चे में रचनात्मकता को बढ़ाने में मदद करती हैं। इसलिए आप बच्चे को हमेशा खेलने के लिए प्रोत्साहित करती रहें।

इस आयु में बच्चा ठुमके लगाना, नाचना शुरू कर सकता है। इस दौरान बच्चे में मोटर स्किल का विकास होता है। वह रंगों और आकृतियों के आधार पर ब्लॉक को पहचानने और यहाँ तक कि अलग-अलग ब्लॉक के साथ खेलने में सक्षम होगा।

दूसरी चीजें जो आप देखेंगी कि आपका बच्चा दौड़ रहा है, लात मार रहा है और कभी-कभी कूद भी सकता है।

माता-पिता के लिए सुझाव

यह जीवन का एक ऐसा चरण है, जब माता-पिता बहुत सारे बदलावों के साक्षी होते हैं । कभी-कभी आप अत्यधिक भावुक महसूस कर सकती हैं और आपको नहीं पता होता है कि आपको अपने बच्चे के साथ क्या करना है। इन छोटी-छोटी चीजों में आनंद लें क्योंकि आपका बच्चा अधिक स्वतंत्र होना सीख रहा है। बच्चे से संबंधित कुछ बातें जो आपको ध्यान में रखनी चाहिए, आइए जानते हैं;

  • यदि आपको बच्चे की तबियत में कुछ बिगाड़ या उसमें कोई असामान्यता दिखाई देती है तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
  • कुछ बच्चे अन्य बच्चों की तरह तेज नहीं होते हैं। यह एक सामान्य बात है, बच्चे को बस थोड़ा सा समय दें। यदि आपको इस वजह से तनाव महसूस हो रहा है, तो अपने डॉक्टर से परामर्श करें।
  • अपने बच्चे को नई चीजें, जैसे नए शब्द, आदतें और पैटर्न सिखाने के लिए आपको समय निकालना चाहिए।

डॉक्टर से परामर्श कब करें

बच्चे के विकास के दौरान उसका शरीर अब भी बहुत सी नई चीजों के साथ समायोजित कर रहा है। जिसके कारण वह बीमार भी पड़ सकता है, कुछ निम्नलिखित संकेत हैं;

  • एलर्जी, जैसे चकत्ते
  • अपचन
  • ज्यादा बुखार
  • त्वचा संबंधी समस्याएं
  • अक्सर बीमार पड़ना

आपके बच्चे का विकास तेजी से हो रहा है और आपके लिए यह एक खुशनुमा समय है। अगर बच्चा नियंत्रण से बाहर हो रहा है, तो भी बहुत ज्यादा कोशिश न करें। यह स्थिति भी बहुत जल्द बदल जाएगी और आपका बच्चा जल्द ही परिपक्व हो जाएगा और आपसे बेहतरीन संवाद करेगा। इस दौरान धैर्य रखना सीखें और अपने बच्चे के साथ इस महत्वपूर्ण समय का आनंद लें।

हमेशा याद रखें कि यह विकास व वृद्धि की उम्र है और आपका अपने बच्चे साथ होना बहुत महत्वपूर्ण है। इस पड़ाव को पार करने के लिए अपने बच्चे की मदद करें।

सुरक्षा कटियार

Recent Posts

रियान नाम का अर्थ, मतलब और राशिफल – Riyan Name Meaning in Hindi

आज के समय में माता-पिता अपने बच्चों के लिए कुछ अलग और दूसरों से बेहतर…

1 week ago

राजीव नाम का अर्थ, मतलब और राशिफल – Rajeev Name Meaning In Hindi

लगभग हर माता-पिता की ख्वाहिश होती है कि उनके बच्चे का नाम सबसे अलग और…

1 week ago

35+ पति के जन्मदिन पर विशेस, कोट्स और मैसेज | Birthday Wishes, Quotes And Messages For Husband in Hindi

एक अच्छा और सच्चा साथी जिसे मिल जाए उसका जीवन आसान हो जाता है। कहते…

1 week ago

माँ के लिए जन्मदिन पर विशेस, कोट्स और मैसेज – Birthday Wishes, Quotes And Messages For Mother in Hindi

माँ वह इंसान होती है, जिसका हमारे जीवन में स्थान सबसे ऊपर होता है। माँ…

1 week ago

बेटी के पहले बर्थडे पर विशेस, कोट्स और मैसेज – Wishes, Quotes And Messages For Baby Girl’s First Birthday in Hindi

यह बात हर कोई जानता है कि बेटियों से घर की रौनक होती है। चाहे…

2 weeks ago

बेटे के पहले बर्थडे पर विशेस, कोट्स और मैसेज – Wishes, Quotes And Messages For Baby Boy’s First Birthday in Hindi

माता-पिता बनना किसी भी शादीशुदा जोड़े की जिंदगी में एक बेहद यादगार और अनमोल पल…

2 weeks ago