बड़े बच्चे (5-8 वर्ष)

बच्चों को अक्षर कैसे सिखाएं

आपका बच्चा दो साल का होने के बाद अक्षरों को सीखने में रुचि दिखा सकता है और इसे जानने के लिए एक्ससिटेड हो सकते हैं। अक्षर पढ़ना और उनकी ध्वनियों का उच्चारण करना किंडरगार्टन लर्निंग का आधार है। यदि आप चाहती हैं कि आपका बच्चा अपने किंडरगार्टन और प्रीस्कूलिंग सालों के दौरान बिना कुछ सीखे न रहे, तो आपको इस लेख को ध्यान से पढ़ना चाहिए।

अपने बच्चे को अक्षर सिखाना कब शुरू करना चाहिए?

देखा जाए तो आपको अपने बच्चों को दो साल की उम्र में अक्षरों को पढ़ाना शुरू कर देना चाहिए। कुछ बच्चे इसमें जल्दी रुचि दिखाते हैं और जल्दी सीख लेते हैं, लेकिन 15 महीने की उम्र से उन्हें अक्षरों के बारे में बताना शुरू करना सबसे अच्छा है। यदि आप अपने बच्चे की रुचि बनाए रखती हैं और उसे वर्णमाला सीखने के लिए मजेदार और इंट्रेस्टिंग तरीकों को अपनाती हैं, तो वह कुछ ही समय में इसे आसानी से सीख लेगा!

ADVERTISEMENTS

प्रीस्कूल जाने वाले बच्चों को अक्षर सिखाने के मजेदार तरीके

क्या आपका कभी किसी जिद्दी या बहुत उधमी बच्चे से सामना हुआ है जिसे वर्णमाला सिखाना बिलकुल भी आसान न हो? तो घबराइए नहीं, हम आपकी इस समस्या का भी हल लेकर आए हैं। यहाँ किंडरगार्टन के बच्चों के लिए 10 मजेदार एल्फाबेट एक्टिविटीज बताई गई हैं, जिससे बच्चों को फन एक्टिविटी के तौर पर वर्णमाला सिखाई जा सकती है:

1. इसे मजेदार बनाएं

किसी को भी बोरिंग चीजें सीखना पसंद नहीं होता है और यही बात बच्चों पर भी लागू होती है। 4 साल के बच्चे को वर्णमाला सिखाने के सबसे अच्छे तरीकों में से एक है उसे वर्णमाला के कार्टून-बेस्ड वीडियो दिखाकर। बच्चे स्क्रीन को देखकर आकर्षित होते हैं और इस समय बच्चों को मोबाइल और टीवी से से दूर नहीं रखा जा सकता है, तो क्यों न आप उनके स्क्रीन टाइमिंग को उपयोगी बनाएं।

ADVERTISEMENTS

2. गाना गाएं

कभी-कभी बच्चे गाकर सुनाई जाने वाली चीजें आसानी से कर लेते हैं, इसलिए आप भी यह ट्रिक अपना कर उन्हें वर्णमाला गाने के रूप में गाकर सिखा सकती हैं। हर अक्षर को गाएं और बच्चे को भी साथ में गाने के लिए कहें, इससे उसे अक्षर पहचानने में मदद मिलेगी। जैसा कि आपको बताया गया है कि सिंगिंग बच्चों को आकर्षित करती है और उनका ध्यान अपनी ओर खींच लेती है।

3. तस्वीरों वाली किताब

आपका बच्चा बोलना शुरू करने से पहले ही अपने आसपास की चीजों को देख कर और निरीक्षण करके बहुत कुछ सीख जाता है। सोने से पहले एक पिक्चर बुक लवकर उसे अपनी गोद में बिठाएं और वर्णमाला सिखाएं, वो इसे एन्जॉय करेगा!

ADVERTISEMENTS

4. अल्फाबेट स्प्लैश

क्या आपके यहाँ बाड़ लगी है? अगर आपका जवाब है हाँ तो यह बहुत अच्छा है! आप चॉक या कुछ इसी तरह की चीजों का उपयोग करके फेंस पर वर्णमाला लिखें। वॉटर स्क्विर्टर लें और अपने बच्चों को उनके नाम के अक्षरों पर इसे फायर करें। एक बार जब वे अपना नाम सीख लेते हैं, तो उन्हें अपने परिवार के सदस्यों के नाम का अक्षर बनाने या अपने भाई-बहनों का नाम बताने के लिए कहें।

5. सैंडपेपर अल्फाबेट

सैंडपेपर लेटर्स एकत्रित करें और बच्चों को उन्हें ट्रेस करने के लिए अपनी अंगुली का उपयोग करने के लिए कहें। यह एक सेंसरी और विजुअल एक्टिविटी है जिसे बच्चे करना पसंद करते हैं और यह कुछ ऐसा भी है जिसे रीडिंग की बेसिक लर्निंग के पार्ट के रूप मोंटेसरी मेथड में पढ़ाते हैं।

ADVERTISEMENTS

6. पजल गेम

कई अलग-अलग प्रकार के अल्फाबेट गेम्स लाएं और अपने बच्चे को पजल फिक्स करने के लिए कहें। पजल सॉल्व करने से उसकी शब्दावली बेहतर होती है और यह उसे विभिन्न अक्षरों से परिचित कराने का एक शानदार तरीका है।

7. उनका नाम सिखाएं

अपने बच्चे को वर्णमाला से परिचित कराने का एक अच्छा तरीका उसे उसके नाम को अक्षर दर अक्षर सिखाएं। पहले उसके नाम के अक्षर से परिचित कराएं और फिर दोस्तों और भाई-बहनों के नाम के अक्षर सिखाएं।

ADVERTISEMENTS

8. हर हफ्ते एक अक्षर

हर हफ्ते एक अक्षर का प्रयोग करें और उस अक्षर से जुड़े शब्दों का इस्तेमाल पूरे हफ्ते एक फन एक्टिविटी के रूप में करें। आप अक्षरों और उनसे संबंधित पिक्चर फिल्ड को ट्रेस करके बच्चे को वर्णमाला पहचानना सिखाएं, किताबें पढ़ने और आसान मोटर एक्टिविटी, लेटर थीम डे बनाना उसके क्रिएटिव दिमाग को बेहतर करता है।

9. दोहराना जरूरी

कोशिश करें कि आप समय-समय पर उसी वर्णमाला को वापस से दोहराएं। यहाँ तक ​​​​कि अगर बच्चा डिटेल में पढ़ेगा तब भी उसके सबकॉन्शस दिमाग में याद रहेगा और वह अक्षरों और भाषा की बारीकियों को समझने की कोशिश करेगा।

ADVERTISEMENTS

10. आर्ट एंड क्राफ्ट

एक और मजेदार खेल यह है कि जब भी वह कुछ नया सीख रहा हो तो अल्फाबेट या लेटर को स्केच करें। कुछ अक्षर बाकी की तुलना में ज्यादा कठिन होते हैं। इसलिए आप आर्ट और क्राफ्ट की मदद से मजेदार फैमिली एक्टिविटी करके बच्चे को अक्षर सिखाएं। कुछ कलर ज्वेल्स, स्टिकी टेप स्टिकर और अन्य क्राफ्ट के सामान रख लें जिसमें क्रिएटिव शेप के अक्षर बने हों, इससे उसे अक्षर बनाना और उन्हें याद रखना आसान होगा। आपके बच्चे को यह पसंद आएगा!

अक्षर सीखना 1,2,3 जितना आसान हो सकता है बशर्ते आप इसे स्टेप बाई स्टेप सिखाएं और धीरे-धीरे सिखाएं। बच्चे कभी-कभी जल्दी चीजें सीख जाते हैं, वही कुछ बच्चे ज्यादा इंट्रेस्ट नहीं लेते हैं और वे देर से अक्षर सीखते हैं। ऊपर दिए गए टिप्स को इस्तेमाल करते हुए अल्फाबेट को फनी तरीके से सिखाने से आपके बच्चे के लिए यह एक दिलचस्प एक्टिविटी बन जाएगी।

ADVERTISEMENTS

यह भी पढ़ें:

बच्चोंं की लिखावट कैसे सुधारें
मोरल वैल्यूज जो आपको अपने बच्चों को सिखाने चाहिए
बच्चों के लिए सामान्य ज्ञान (जनरल नॉलेज) के प्रश्न और उत्तर

ADVERTISEMENTS

समर नक़वी

Recent Posts

प्रिय शिक्षक पर निबंध (Essay On Favourite Teacher In Hindi)

शिक्षक हमारे जीवन में अत्यधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वह केवल किताबों से ज्ञान नहीं…

2 months ago

मेरा देश पर निबंध (Essay On My Country For Classes 1, 2 And 3 In Hindi)

मेरा देश भारत बहुत सुंदर और प्यारा है। मेरे देश का इतिहास बहुत पुराना है…

2 months ago

शिक्षा का महत्व पर निबंध (Essay On The Importance Of Education In Hindi)

शिक्षा यानी ज्ञान अर्जित करने और दिमाग को सोचने व तर्क लगाकर समस्याओं को हल…

2 months ago

अच्छी आदतों पर निबंध (Essay On Good Habits in Hindi)

छोटे बच्चों के लिए निबंध लिखना एक बहुत उपयोगी काम है। इससे बच्चों में सोचने…

2 months ago

कक्षा 1 के बच्चों के लिए मेरा प्रिय मित्र पर निबंध (My Best Friend Essay For Class 1 in Hindi)

बच्चों के लिए निबंध लिखना बहुत उपयोगी होता है क्योंकि इससे वे अपने विचारों को…

2 months ago

मेरा प्रिय खेल पर निबंध (Essay On My Favourite Game In Hindi)

खेल हमारे जीवन में बहुत अहम भूमिका निभाते हैं। ये न सिर्फ मनोरंजन का साधन…

2 months ago