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भारत में हर त्योहार बहुत धूम-धाम और उल्लास के साथ मनाया जाता है परंतु इस साल में कोविड-19 के चलते त्योहार के समय पर भी शहर सूने हैं। कोरोनावायरस के कारण 2020 की दुर्गा पूजा में थोड़ी बहुत कठिनाइयां तो होंगी ही पर लोगों ने इसका भी समाधान खोज लिया है। साल 2020, कोरोना काल के साथ-साथ ऑनलाइन समय के लिए भी जाना जाएगा। हम सभी जानते हैं कि इस दौर में खाने से लेकर पढ़ाई तक हर एक चीज इंटरनेट के माध्यम से ऑनलाइन हो रही है और दुर्गा पूजा का समय भी बस शुरू ही हो चुका है। इस दौरान अधिक भीड़ न एकत्रित हो इसलिए देवी के ऑनलाइन पंडाल लगाए जा रहे हैं। साथ ही भारत सरकार ने भी कुछ नियमों को लागु किया है ताकि भक्ति के भाव में बहकर देश की आम जनता देवी के पंडाल में भीड़ न लगाए और कोरोना के कहर से सुरक्षित रहे।
नवरात्रि के इस पावन अवसर पर आप अपनी परंपराओं को निभाते हुए कोरोनावायरस से खुद को व अपने परिवार को कैसे सुरक्षित रख सकते हैं, यह जानने के लिए इस आर्टिकल को पूरा पढ़ें।
कोरोनावायरस एक ऐसा वायरस है जो लोगों के संपर्क में रहने से बढ़ता है और इसके लक्षणों का तुरंत पता लगा पाना भी कठिन है। यदि किसी भी व्यक्ति को यह बीमारी गंभीर रूप से होती है तो उसकी मृत्यु भी हो सकती है इसलिए इससे बचना ही एक मात्र बेहतरीन उपचार है। मार्च 2020 से शुरू कोविड-19 के कहर ने देश की बहुत सारी चीजों को बदल कर रख दिया है। इस दौरान लोग अपने घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं, दोस्तों व रिश्तेदारों से मिल नहीं पा रहे हैं, इस बीमारी की प्रताड़ना से लोग डरे हुए हैं और इसका असर लोगों की मानसिक स्थिति के साथ-साथ सामाजिक जीवन पर भी पड़ा है। जिस प्रकार से लोग नॉर्मल दिनों में बाहर नहीं निकल पा रहे हैं और उनकी सामान्य दिनचर्या खत्म सी होने लगी है तो फिर त्योहारों के दिनों में भी शहर की सड़कें सूनी रहना एक आम बात है। यहाँ तक कि लोग शादियां भी कम मेहमानों के बीच अटेंड कर रहे हैं और पार्टीज, उत्सव व त्योहारों में भी फोन या वीडियो कॉलिंग की मदद से एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। ऐसे हालात में किसी भी त्योहार का उल्लास पहले जैसा कहाँ रह गया है। आज सभी लोग अपने-अपने घरों में ही सिमट कर रह गए हैं।
कोरोनावायरस की वजह से देश में बच्चों की शिक्षा से लेकर सामाजिक पर्वों तक कई चीजों में प्रभाव पड़ा है। हालांकि आर्थिक स्थिति को देखते हुए शहरों में बाजार, मॉल और अन्य कई चीजें धीरे-धीरे खुलने लगी हैं और लोग बाहर निकलने भी लगे हैं पर खतरा अब भी पूरी तरह से टला नहीं है। इसलिए सावधानी रखना और खुद का व बच्चों और परिवार का बचाव करना बहुत जरूरी है।
गणपति उत्सव के समान ही इस बार नवरात्रि 2020 में दुर्गा पूजा में माँ के पंडाल ऑनलाइन लगाए जाएंगे और निर्धारित समय पर देवी की आरती व आराधना होगी। इस बार मंदिरों में लोगों की ज्यादा भीड़ न लगे इसलिए गवर्मेंट ने भी कई नए नियम लागू किए हैं और लोगों को पूरी सावधानी बरतने के लिए भी कहा जा रहा है। पूजा के दौरान मंदिर में कुछ मुख्य लोग ही मौजूद होंगे और उन्हें भी कई नियमों का पालन करना पड़ सकता है, जैसे मास्क लगाए रखें, अन्य लोगों से पर्याप्त दूरी बनाएं, झुंड में खड़े न हों, पूजा करने के बाद ज्यादा देर तक मंदिर में न रुकें, खुद को सैनिटाइज करते रहें और लोगों से दूर से बात करें। यदि आप शारीरिक रूप से स्वस्थ नहीं हैं तो मंदिर न जाएं और घर में ही पूजा करें। इसके अलावा गर्भवती महिलाओं, बच्चों व बुजुर्गों को भी घर से बाहर भीड़ में जाने की अनुमति नहीं है। इस बार मंदिरों में देवी की पूजा में कम से कम लगभग 50% लोग ही सम्मिलित हो सकेंगे और पूजा के दौरान शारीरिक संपर्क से बचने के लिए इस बार माँ के चरणों में भोग, प्रसाद व फूल चढ़ाने पर भी निषेध है। सिर्फ मुख्य जगहों पर ही पंडाल लगाया जाएगा जिसका टेलीकास्ट लाइव होगा और आप घर पर ही सभी रीति-रिवाज व श्रद्धा के साथ मंदिर की बड़ी दुर्गा पूजा देख सकते हैं। भारत के कई मुख्य जगहों में दुर्गा पूजा के बहुत सारे ऑनलाइन पंडालों का आयोजन किया गया है। आप विभिन्न एप्लिकेशन व वेबसाइट की मदद से ऑनलाइन पंडाल में देवी दर्शन करें और पूरी सुरक्षा के साथ अपने इस त्योहार का आनंद लें।
भारत में कई मुख्य जगहों पर पंडाल लगाए जाएंगे और इसका लाइव टेलीकास्ट भी होगा। आप ऑनलाइनदुर्गापूजा.कॉम साइट में लॉगिन करके इन पंडाल में हो रही दुर्गा पूजा देख सकते हैं। इन सभी ऑनलाइन पंडाल की फुटेज 19 अक्टूबर 2020 से 26 अक्टूबर 2020 तक लाइव रहेंगी। कोलकाता की प्रसिद्ध दुर्गा पूजा भी 3 एप्लिकेशन के माध्यम से लाइव दिखाई जाएंगी और माँ दुर्गा के उत्सव के लिए ऑनलइन स्ट्रीमिंग में विभिन्न कमिटी टेक फर्म की मदद ली है जिससे घर में बैठे लोगों को दुर्गा पूजा के दौरान 360 डिग्री टूर का अनुभव हो सकेगा। यहाँ तक कि कई वेबसाइट में प्रसाद बुक करने की सुविधा भी है जिसकी मदद से आप माँ के चरणों का प्रसाद घर में मंगवा सकते हैं।
ऐसा कहा जा रहा है कि कोरोनावायरस का अधिक प्रभाव बच्चों व बुजुर्गों पर पड़ रहा है या फिर यदि किसी व्यक्ति की इम्युनिटी बहुत कमजोर है तो भी वह इस समस्या से ग्रसित हो सकता है। इस बीमारी के शुरूआती लक्षण भी बहुत आम हैं और बदलते रहते हैं इसलिए इसका पता लगा पाना आसान नहीं है और यह लोगों में तेजी से फैल रही है।
त्योहारों के दौरान कोविड-19 से बच्चों का बचाव करना बहुत जरूरी है क्योंकि उनकी इम्युनिटी कमजोर होती है। इस पावन उत्सव में कोरोनावायरस से बच्चों का आप कैसे खयाल रख सकती हैं इस बारे में यहाँ कुछ टिप्स बताए गए हैं, आइए जानें;
दुर्गा पूजा एक ऐसा त्योहार है जिसमें विशेष सभी महिलाएं मिलकर देवी माँ की पूजा करती हैं। पर कोविड की वजह से उत्सव में मिलकर एक साथ पूजा कर पाना कठिन है। इस दौरान विशेषकर गर्भवती महिलाओं को अपना पूरा खयाल रखना चाहिए क्योंकि गर्भावस्था के दौरान महिलाओं की इम्युनिटी बहुत कमजोर हो जाती है जिससे उन्हें इन्फेक्शन जल्दी पकड़ सकता है और यह इन्फेक्शन माँ के साथ-साथ गर्भ में पल रहे बच्चे को भी हानि पहुँचा सकता है।
नवरात्रि के दिनों में गर्भवती महिलाओं की पूरी देखभाल होनी चाहिए और धर्म के भाव में बहकर उन्हें ऐसा कुछ नहीं करना चाहिए जिससे बच्चे को भी हानि हो। दुर्गा पूजा के इस पावन समय में गर्भवती महिलाओं की देखभाल के कुछ टिप्स यहाँ निम्नलिखित हैं, आइए जानें;
त्योहारों में अक्सर लोग अपनी परंपराओं का पालन करना चाहते हैं, लोगों से मिलते-जुलते हैं और खुशियां मनाते हैं और इस कोरोना काल में आपकी खुशियां फीकी न पड़ें इसलिए निम्नलिखित बातों पर पूरा ध्यान दें, आइए जानें;
पूरे भारत में हर साल देवी के कई पंडाल बनाए जाते हैं और भव्य पूजन होता है पर इस साल दुर्गा पूजा 2020 का दृश्य ही पूरी तरह से बदल चुका है। यद्यपि खुद की सुरक्षा के लिए कुछ लोग अपने घरों में ही परिवार के साथ दुर्गा पूजा कर रहे हैं और भीड़ में जाने से बच रहे हैं। परंतु फिर भी बहुत सारे लोग अपने घरों से निकल रहे हैं और लोगों से मिल भी रहें है। उनसे अनुरोध है कि वे सरकार द्वारा बनाए नियमों का पालन करें और अपनी व परिवार की सुरक्षा को बनाएं रखें।
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