ब्रेस्टफीडिंग के दौरान एक्सरसाइज – क्या यह सही है?

ब्रेस्टफीडिंग के दौरान एक्सरसाइज - क्या यह सही है?

बच्चे को जन्म देने के बाद, आप अपने प्रि-प्रेगनेंसी फिटनेस रूटीन को दोबारा शुरू करने के लिए बेकरार होंगी, ताकि पिछले नौ महीनों में आपने जितना भी एक्स्ट्रा वजन पुट-ऑन किया है, उसे घटा सकें और अपना सुडौल शरीर वापस पा सकें। लेकिन आप अपने बच्चे को ब्रेस्टफीड भी करा रही हैं, तो ऐसे में आप इस बात को लेकर दुविधा में हो सकती हैं, कि आपके एक्सरसाइज करने से, आपके मिल्क सप्लाई या ब्रेस्टफीडिंग रूटीन पर क्या प्रभाव पड़ेगा। 

क्या ब्रेस्टफीडिंग के दौरान आप वर्कआउट कर सकती हैं? 

इसका जवाब बहुत ही आसान है – हां ! एक्सरसाइज एक ऐसी चीज है, जो कि आपके अच्छे स्वास्थ्य को मेंटेन रखने के लिए बहुत जरूरी है और निश्चित रूप से ब्रेस्टफीडिंग के दौरान भी आपको स्वस्थ रहना चाहिए। आपको जिस बात का ध्यान रखने की जरूरत है, वह है – आपके एक्सरसाइज की तीव्रता। प्रेगनेंसी के दौरान आपकी बोन-डेंसिटी बदल सकती है। ऐसे में, वेट एक्सरसाइजेज इसे वापस बनाने में और इसे बरकरार रखने में आपकी मदद कर सकते हैं। 

ADVERTISEMENTS

स्तनपान के दौरान एक्सरसाइज करने के फायदे

अगर हल्के से मध्यम मात्रा में एक्सरसाइज की जाए, तो एक नई मां के अच्छे स्वास्थ्य और भावनात्मक कुशलता के लिए यह बेहतरीन होती है। बच्चे को ब्रेस्टफीडिंग कराने वाले महीनों के दौरान एक्सरसाइज करने के बहुत सारे फायदे होते हैं, इनमें से कुछ नीचे दिए गए हैं: 

  • स्वस्थ और हल्केपन के अहसास के साथ ज्यादा एनर्जी और कम तनाव
  • इंसुलिन और ब्लड लिपिड प्रोफाइल का बेहतर रिस्पांस 
  • कार्डियोवैस्कुलर स्वास्थ्य में सुधार
  • पोस्ट नेटल डिप्रेशन जैसे डिसऑर्डर के मामलों में डिप्रेशन के लक्षणों में कमी

स्तनपान के दौरान एक्सरसाइज करने के फायदे

क्या ब्रेस्टफीडिंग के दौरान एक्सरसाइज करने से मिल्क सप्लाई प्रभावित होती है? 

इसका जवाब है – नहीं। अगर आप अपने बच्चे को ब्रेस्टफीड करा रही हैं, तो इस दौरान एक्सरसाइज करने से आपकी मिल्क सप्लाई प्रभावित नहीं होती है। चूंकि कुछ स्टडीज के अनुसार, एक्सरसाइज ब्रेस्ट मिल्क में लैक्टिक एसिड के स्तर को प्रभावित करती है, तो ऐसे में अगर आप बहुत तीव्र एक्सरसाइज करती हैं, तो आपके दूध का स्वाद थोड़ा बदल सकता है। इसलिए हमेशा मध्यम स्तर पर एक्सरसाइज करना अच्छा होता है। साथ ही जो मांएं नियमित रूप से एक्सरसाइज करती हैं, उनके बच्चों और एक्सरसाइज न करने वाली मांओं के बच्चों में कोई अंतर नहीं होता है। इसलिए सुरक्षित रूप से ऐसा कहा जा सकता है, कि आप एक्सरसाइज करें या न करें, आपका ब्रेस्ट मिल्क हेल्दी ही रहता है। 

ADVERTISEMENTS

ब्रेस्टफीडिंग के दौरान एक्सरसाइज करने वाली मांओं के लिए कुछ टिप्स

एक्सरसाइज करने और गर्भावस्था के बाद अपने पुराने रूटीन पर वापस आने के लिए यहां पर कुछ ऐसे टिप्स दिए गए हैं, जो कि ब्रेस्टफीडिंग कराने वाली मां को अपनाने चाहिए: 

1. हर दिन कम से कम 1800 कैलोरी का सेवन करें

ब्रेस्टफीडिंग कराने के दौरान भी आप अपना वजन घटा सकती हैं, लेकिन इसके साथ ही आपको एक पौष्टिक और सुरक्षित भोजन लेना जरूरी है। आपको इसके लिए हर दिन कम से कम 1800 कैलोरी का सेवन जरूर करना चाहिए। इतनी कैलोरी का सेवन न करने से, आपका वजन तेजी से घटेगा, जिससे आपकी मिल्क सप्लाई कम हो सकती है और आपके शरीर में विटामिन और पोषक तत्वों की कमी हो सकती है। 

ADVERTISEMENTS

हर दिन कम से कम 1800 कैलोरी का सेवन करें

2. धीमी गति की एक्सरसाइज से शुरुआत करें

डिलीवरी के बाद शुरुआती कुछ सप्ताहों में, बच्चे की देखभाल करने में और इस दौरान अच्छी नींद और ढेर सारा पानी पीने में अपना सारा समय लगाएं। एक बार जब आपका रिदम सेट हो जाए और आप पूरी तरह से ठीक हो जाएं (2 महीनों के बाद) तो आप अपने डॉक्टर से बात कर सकती हैं और एक मॉडरेट एक्सरसाइज रिजीम से शुरुआत कर सकती हैं। हर सप्ताह आप इसकी तीव्रता को धीरे धीरे बढ़ा सकती हैं। 

धीमी गति की एक्सरसाइज से शुरुआत करें

3. तेज गति से वजन घटाने से बचें

अगर आप बहुत जल्दी अपना फैट बर्न करती हैं, तो इससे शरीर में मौजूद फैट सॉल्युबल टॉक्सिन आपके ब्रेस्ट मिल्क में जा सकते हैं, जो कि आपके बच्चे के लिए नुकसानदायक हो सकता है। कैलोरी और पोषक तत्वों से भरपूर डाइट के साथ तुरंत वजन घटाने से बचें। 

ADVERTISEMENTS

तेज गति से वजन घटाने से बचें

4. पानी पिएं 

अगर आप ब्रेस्टफीडिंग के दौरान एक्सरसाइज कर रही हैं, तो हाइड्रेटेड रहने के लिए एक्सरसाइज के पहले और एक्सरसाइज के बाद बहुत सारा पानी पीना न भूलें। 

पानी पिएं 

5. एक्सरसाइज के पहले ब्रेस्टफीड कराएं या ब्रेस्ट मिल्क को पंप करें

अगर आपके ब्रेस्ट दूध से भरे होंगे, तो आपको एक्सरसाइज करने में असुविधा महसूस होगी। इसलिए एक्सरसाइज करने से पहले या तो बच्चे को दूध पिलाने की कोशिश करें या फिर उसे पंप कर लें। 

ADVERTISEMENTS

एक्सरसाइज के पहले ब्रेस्टफीड कराएं या ब्रेस्ट मिल्क को पंप करें

6. एक हाई इंपैक्ट सपोर्टिव ब्रा पहनें 

चूंकि प्रेग्नेंसी और ब्रेस्टफीडिंग के कारण आपके ब्रेस्ट बड़े हो जाते हैं और आकार में बदल जाते हैं, ऐसे में आपकी पुरानी एक्सरसाइज ब्रा अब आपके किसी काम की नहीं होंगी। ऐसी स्पोर्ट्स ब्रा खरीदने की कोशिश करें, जिनमें फ्लैप लगे होते हैं, जिन्हें खोलकर आप अपने बच्चे को जरूरत पड़ने पर ब्रेस्टफीड करा सकती हैं या फिर एक हाई इंपैक्ट ब्रा खरीदें, जिनमें एडजेस्टेबल स्ट्रैप हों, जो कि आपके ब्रेस्ट के आकार का ध्यान रखें और आप ज्यादा से ज्यादा मूव कर सकें। 

एक हाई इंपैक्ट सपोर्टिव ब्रा पहनें 

7. एक्सरसाइज के बाद अपनी ब्रा उतारना न भूलें

अगर आपके ब्रेस्ट दूध से भरे हों, तो टाइट फिटिंग ब्रा उन पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकती है और आपको मैस्टाइटिस होने का खतरा भी हो सकता है। 

ADVERTISEMENTS

एक्सरसाइज के बाद अपनी ब्रा उतारना न भूलें

8. अधिक एक्सरसाइज के बारे में चिंता ना करें

बहुत तीव्र एक्सरसाइज करने से आपके दूध में मौजूद लैक्टिक एसिड की मात्रा बढ़ जाती है, जिससे उसका स्वाद बदल जाता है। लेकिन यह बहुत जल्दी गायब भी हो जाता है और किसी भी तरह से यह आपके दूध को अनहेल्दी नहीं बनाता है। 

अधिक एक्सरसाइज के बारे में चिंता ना करें

9. नहाएं 

एक्सरसाइज के बाद ब्रेस्टफीडिंग कराने से पहले नहाना न भूलें, क्योंकि आपके पसीने से बच्चे को परेशानी हो सकती है। 

ADVERTISEMENTS

नहाएं

10. जरूरत से ज्यादा वजन न उठाएं

नियमित रूप से वजन उठाने से या वैसी एक्सरसाइज करने से जिनमें लगातार बाहों का मूवमेंट होता रहता है, आपके ब्रेस्ट में डक्ट के बंद होने का खतरा हो सकता है। अगर ऐसा हो, तो वर्कआउट करना बंद कर दें और कुछ समय बाद धीरे-धीरे दोबारा शुरुआत करें। 

अगर ऊपर दिए गए टिप्स को फॉलो किया जाए हैं और शरीर पर जरूरत से ज्यादा दबाव न डाला जाए, तो ब्रेस्टफीडिंग कराने वाली मांओं के लिए एक्सरसाइज करने में कोई परेशानी नहीं है। आपके बच्चे का अच्छा स्वास्थ्य सबसे ज्यादा जरूरी है। 

ADVERTISEMENTS

यह भी पढ़ें: 

ब्रेस्टफीडिंग के दौरान योग करना – फायदे और पोजीशन
क्या ब्रेस्टफीडिंग कराने के दौरान रक्तदान किया जा सकता है?
क्या ब्रेस्टफीडिंग के दौरान हेयर कलरिंग या पर्मिंग करना सही है?

ADVERTISEMENTS