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शिशु की स्वच्छता के लिए 7 आवश्यक चीजें

एक बच्चे का इस दुनिया में आना और हमारा उनका वेलकम करना, यह एक ऐसी सुखद भावना है जिसे बताया नहीं जा सकता। पहली बार मातृत्व को समझना रिवॉर्डिंग और चैलेंजिंग हो सकता है क्योंकि माँ की भूमिका निभाना बहुत कठिन व डिमांडिंग भी है। माँ होने के नाते आप अपने बच्चे को हर एक हानिकारक चीज से सुरक्षित रखना चाहती होंगी और हर संभव तरीके से उसकी देखभाल भी करना चाहती होंगी। तो जाहिर है आप छोटे बच्चे की हाइजीन की में ज्यादा ध्यान देंगी। हालांकि यह जानना बहुत जरूरी है कि बेबी की हाइजीन और बड़े होने के बाद बेसिक हाइजीन बनाए रखने में बहुत अंतर होता है। बच्चों हर इन्फेक्शन व बीमारी से सुरक्षित है इसका ध्यान रखने के लिए हम आपको हाइजीन के कुछ एसेंशियल पर इन्वेस्ट करने की सलाह देते हैं। 

बच्चों के हाइजीन के लिए 7 आवश्यक चीजें जिन पर खर्च करना चाहिए

बच्चे में संपूर्ण विकास के लिए हाइजीन एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। छोटे व बड़े बच्चों की हाइजीन की बात आए तो हम जानते हैं कि आप शॉर्टकट्स नहीं लेना चाहेंगी। इसलिए आप निम्नलिखत चेकलिस्ट पर ध्यान दें – आपको बच्चे के लिए सब कुछ चाहिए होगा। 

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बेबी के लिए – ग्रूमिंग और हाइजीन एसेंशियल

1. वेट वाइप्स

हाल ही में बने पेरेंट्स का जीवन बिना वेट वाइप्स के ज्यादा कठिन होगा। डायपर स्पिल्स, थूक, गंदा सरफेस और सब कुछ साफ करने के लिए आप सबसे पहले वेट वाइप्स का उपयोग करती हैं। आप हर बार डायपर बदलते समय बच्चे को वेट वाइप्स से साफ कर सकती हैं। बच्चे का डायपर बदलते समय उसके हिप्स को जेंटल बेबी वाइप्स से साफ करें और थोड़ी देर के लिए उसे बिना डायपर के छोड़ दें। आप अल्कोहल फ्री और बेबी की त्वचा पर सॉफ्ट व जेंटल प्रभाव डालने वाले वाइप्स को ही चुनें। 

2. उंगलियों के लिए ब्रश और जीभ का क्लीनर

हेल्दी मसूड़ों व दांतों की मजबूती के लिए शुरू से ही ओरल हाइजीन बनाए रखना बहुत जरूरी है। जैसे ही बच्चा के पहले दांत निकलने लगे आप उसके दांतों को ब्रश करना शुरू कर दें। इसके लिए आप छोटे हेड वाला सॉफ्ट ब्रश कर उपयोग करें। आप उसके लिए नॉन-टॉक्सिक मटेरियल और सॉफ्ट ब्रिस्टल से बने फिंगर थ्रश खरीदें। ब्रश के साथ आपको बेबी की जीभ साफ करने के लिए एक टंग क्लीनर भी खरीदें। इस बात का ध्यान रखें कि बच्चे के दांत आप जल्दी से जल्दी भी साफ करना शुरू कर सकती हैं। 

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3. नेल कटर और कैंची

नेल क्लिपर या सिजर से छोटे या बड़े बच्चों के नाखुन काटना बहुत कठिन काम है पर इसे करना भी पड़ेगा। बेबीज की उंगलियों के नाखुन जल्दी बढ़ते हैं और नुकीले भी होते हैं इनसे अचानक खरोंच लग सकती है या बच्चे खुद को भी मार सकते हैं। खुद को हर्ट करने से बचाने के लिए आप छोटे बच्चों के लिए विशेष एक नेल क्लिपर पर इन्वेस्ट करें। थोड़ा सा शार्प और मैग्नीफायर नेल क्लिपर खरीदें – इससे आपका काम आसान होगा। इसमें मैग्नीफाइंग गिलास भी होता है जिसमें आप बच्चों के नाखुन अपनी आंखों पर बिना जोर डाले देख सकती हैं ताकि बच्चे को गलती से भी चोट न लगे। 

4. कॉटन बॉल

आप छोटे बच्चे के लिए कॉटन बॉल्स स्टॉक में रखें। बच्चे के जन्म के बाद पहले सप्ताह में उसके हिप्स साफ करने के लिए कॉटन बॉल्स को स्टेरलाइज करना जरूरी है। जैसा कि बच्चे का इम्यून सिस्टम कमजोर होता है इसलिए उसे आसपास की चीजों से भी इन्फेक्शन हो सकता है। इसलिए पेरेंट्स होने के नाते आपको उसकी सुरक्षा के लिए सब कुछ करना चाहिए। बच्चे के बॉटम को साफ करने के लिए पहले आप कॉटन बॉल को पानी में डुबोएं और फिर आराम से उसके हिप्स साफ करें। उसके सॉफ्ट बॉटम में आप केमिकल युक्त प्रोडक्ट्स या साबुन का उपयोग न करें। आप बच्चे की आंखों को साफ करने के लिए भी कॉटन बॉल्स का उपयोग कर सकती हैं। आप घर में कॉटन बॉल्स का एक पैकेट हमेशा रखें। सफर के दौरान बच्चे की पॉटी साफ करने के लिए भी कॉटन बॉल्स का उपयोग किया जा सकता है। 

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छोटे बच्चे के कपड़े और फीडिंग एक्सेसरीज के लिए जरुरी चीजें

1. लॉन्ड्री डिटर्जेंट

चूंकि छोटे बच्चों का इम्यून सिस्टम अब भी विकसित हो रहा है इसलिए उसे कहीं से भी इन्फेक्शन हो सकता है – यहाँ तक कि उसके खुद के कपड़ों से भी। हालांकि आप उसके कपड़ों को एक अच्छे डिटर्जेंट का उपयोग करके अच्छी तरह से साफ करती होंगी पर फिर भी यह हमेशा पर्याप्त नहीं होता है। बच्चों के कपड़ों में नियमित डिटर्जेंट का उपयोग करने से उसकी स्किन में इरिटेशन होने लगती है और डिटर्जेंट में मौजूद केमिकल से छोटे बच्चों को एलर्जी भी हो सकती है। इसलिए आप केमिकल फ्री और इको-फ्रेंडली डिटर्जेंट का उपयोग करें। यह काफी माइल्ड होता है और इसमें हानिकारक केमिकल भी नहीं मिलाया जाता है। आप इसमें छोटे बच्चों के कपड़े भिगोने से पहले डिटर्जेंट को गुनगुने या हल्के गर्म पानी में डालें। इस डिटर्जेंट में आर्टिफिशियल रंग नहीं होते हैं और यह फैब्रिक से गंदगी को भी निकाल देता है। बच्चे के कपड़ों को धोने से पहले डिटर्जेंट वाले गुनगुने पानी में लगभग 30 मिनट तक भिगोएं। बाद में उसके कपड़ों को धूप में सुखाएं। 

2. बोतल साफ करने वाला ब्रश

अभी आप बच्चे को ब्रेस्टफीडिंग कराती होंगी पर ऐसा भी समय होगा जब उसे बोतल से दूध भी पिला सकती हैं। यदि आप बेबी को नियमित रूप से बोतल से दूध पिलाती हैं तो हर फीड के बाद इसे साफ करना भी जरूरी है। निप्पल और बोतल साफ होने से बच्चे को विभिन्न प्रकार के इन्फेक्शन नहीं होते हैं। बड़े या छोटे बच्चों की बोतल साफ करने से आपको एक नॉन-टॉक्सिक और ड्यूरेबल यानि ज्यादा चलने वाले क्लीनिंग ब्रश की जरूरत पड़ेगी। आप सॉफ्ट और फ्लेक्सिबल ब्रिस्टल वाला ब्रश खरीदें और इससे फीडिंग के सामान को साफ करें, जैसे कटोरा, सिप्पी कप और प्लेट्स। 

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3. स्टेरलाइजर

यदि छोटा बच्चा रोजाना बोतल से दूध पीता है तो इसे स्टेरलाइज से साफ करना बहुत जरूरी है। बेबी की बोतल को हर फीड के बाद स्टेरलाइज करने से सभी कीटाणु नष्ट हो जाते हैं और उपयोग करने से पहले इसे सुखा लें। बोतल और अन्य फीडिंग बर्तनों को स्टेरलाइज करने से बच्चे को स्वास्थ्य संबंधी खतरों व इन्फेक्शन से सुरक्षित रखा जा सकता है। हालांकि स्टेरलाइजर खरीदते समय ध्यान रखें या आप एक टॉक्सिक स्टेरलाइजर न खरीदें। बच्चे के लिए बीपीए-फ्री और नॉन टॉक्सिक स्टेरलाइज खरीदें। इसमें खर्च करना बेहतर होगा। आप इसमें बोतल स्टेरलाइज कर सकती हैं, दूध या बेबी फूड गर्म कर सकती हैं। इसे साफ करना आसान है और यह हल्का भी होता है जिसकी वजह से आप इसे सफर में भी ले जा सकती हैं। 

छोटे बच्चे की हाइजीन को बनाए रखने के लिए टिप्स

इनके अलावा आप बड़े या छोटे बच्चे के वातावरण को हमेशा साफ व हाइजीनिक रखें। बच्चे में उचित रूप से हाइजीन बनाए रखने के लिए आप निम्नलिखित कुछ टिप्स अपना सकती हैं ताकि बच्चा खुश व हेल्दी रह सके। बच्चे में हाइजीन बनाए रखने के लिए कुछ टिप्स, इस प्रकार हैं;

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  1. बड़े या छोटे बच्चे की स्किन को सॉफ्ट, सौम्य और साफ रखें व उसे सप्ताह में 2 से 3 बार नहलाएं – यदि बच्चा छोटा है तो आप उसे स्पंज से साफ करें। हर बार नहलाने के बाद आप उसे तौलिए से सुखाएं और त्वचा के नीचे से भी अच्छी तरह से पोंछे। बच्चे की त्वचा को हाइपोएलर्जेनिक क्रीम से मॉश्चराइज करें क्योंकि यह क्रीम बच्चों की स्किन के लिए सुरक्षित होती है।
  2. बच्चे का डायपर बार-बार या जैसे ही गंदा हो वैसे ही बदलें। यदि आप गंदे डायपर को देर तक ऐसे ही छोड़ देती हैं तो इससे रैशेज और इरिटेशन जैसी समस्याएं होती हैं जिससे छोटा बच्चा या बेबी चिड़चिड़ा और असुविधाजनक हो सकता है। वैसे बच्चे का डायपर बदलना आपका फेवरेट काम नहीं होगा पर आपको यह करना पड़ेगा – इसलिए इसे ठीक से करें। अच्छे क्वालिटी के सॉफ्ट और कंफर्टेबल डायपर का ही उपयोग करें। इसके अलावा अपने घर में विश्वशनीय ब्रैंड की डायपर रैश क्रीम रखें ताकि कभी जरूरत पड़ने पर आप इसका उपयोग कर सकती हैं। विशेषकर घर में एक एक्टिव और एनर्जेटिक बच्चे के लिए हमेशा तैयार रहें और मदद करें।
  3. बच्चे को हाथ में लेने से पहले अपने हाथों को अच्छी तरह से धोएं। यदि जरूरत हो तो सैनिटाइजर लें – इस बात का ध्यान रखें कि बच्चे की सुरक्षा व सेफ्टी के लिए बहुत ज्यादा ध्यान रखना गलत नहीं है। यदि आपके यहाँ लोग आते हैं तो उनसे भी प्यार से सैनिटाइजर का उपयोग करने के लिए कहें। कमरे का फ्लोर और बाथरूम को डिसइंफेक्टेंट से साफ करें।
  4. बच्चा हर चीज अपने मुंह में डालना चाहता है। इस बात का ध्यान रखें कि आप बच्चे के खिलौने हमेशा साफ रखें। आपको नहीं पता कौन सी चीज उसमें इन्फेक्शन का कारण बन जाए इसलिए उसकी पहुँच तक हर चीज को उससे दूर रखें। हर दूसरे दिन उसके टॉयज धोएं और सैनिटाइज करें। जब बच्चे की हेल्थ की बात हो तो इलाज से बचाव ही बेहतर है।

ये लीजिए – अब आपके पास बच्चे की अच्छी हाइजीन के लिए कुछ जरुरी प्रोडक्ट्स की जानकारी और टिप्स भी है। 

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सुरक्षा कटियार

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